Israel Gaza war: गाजा में पिछले दो साल से जारी इजरायल-हमास संघर्ष अब खत्म होने की कगार पर दिख रहा है। हमास की अंधेरी कालकोठरी में बंद इजरायली बंधकों को शायद अब आज़ादी मिल सके। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दबाव और अल्टीमेटम के बाद हमास ने उनकी लगभग सभी बड़ी शर्तें मानने का संकेत दिया है। इसमें गाजा से सभी इजरायली बंधकों की रिहाई भी शामिल है।
ट्रंप के 20 सूत्रीय गाजा प्लान के तहत हमास को 72 घंटे के भीतर सभी बंधकों (जीवित और मृत) को रिहा करना होगा। बदले में इजरायल सैकड़ों फिलिस्तीनी कैदियों को छोड़ देगा और चरणबद्ध तरीके से अपनी सेनाएं गाजा से हटाएगा। साथ ही, गाजा से इजरायल पर रॉकेट और हमले बंद होंगे।
योजना के मुताबिक, गाजा में एक बहुराष्ट्रीय सुरक्षा बल तैनात किया जाएगा, जिसमें अरब देशों, अमेरिका और नाटो की भागीदारी होगी। अंतरराष्ट्रीय निगरानी में हमास और अन्य उग्रवादी गुटों को निहत्था किया जाएगा। जो सदस्य हथियार छोड़ देंगे, उन्हें माफी दी जाएगी और जो गाजा छोड़ना चाहेंगे, उन्हें सुरक्षित रास्ता मिलेगा।
हमास ने संकेत दिया है कि वह अब गाजा की सरकार नहीं चलाएगा और प्रशासन को स्वतंत्र फिलिस्तीनी तकनीकी विशेषज्ञों के हवाले करने को तैयार है। यह अब तक का सबसे बड़ा बदलाव माना जा रहा है।
ट्रंप ने हमास को अल्टीमेटम दिया था कि रविवार शाम तक समझौते पर राजी न होने की स्थिति में गाजा में भारी कार्रवाई होगी। इसके बाद ही हमास झुकता दिखा और ट्रंप को सार्वजनिक रूप से धन्यवाद भी दिया। अब दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या यह समझौता वाकई गाजा में स्थायी शांति ला पाएगा।
