गाजियाबाद के चर्चित शिवा ढाबा के संचालक हरेंद्र सिंह उर्फ मामा यादव और उनकी पत्नी संतोष यादव के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है। एक कारोबारी की शिकायत पर मधुबन बापूधाम थाने में दोनों के खिलाफ केस दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
शिकायतकर्ता नागेंद्र चौधरी उर्फ नीरज चौधरी का आरोप है कि वर्ष 2023 में उन्होंने हरेंद्र यादव और उनकी पत्नी के साथ यमुना एक्सप्रेसवे पर वृंदावन कट के पास स्थित एक होटल के संचालन के लिए साझेदारी की थी। उन्होंने दावा किया कि इस परियोजना में बैंक और नकद के माध्यम से कुल 2 करोड़ 55 लाख रुपये का निवेश किया गया था।
पीड़ित के अनुसार, साझेदारी के दौरान होटल की जमीन को हरेंद्र यादव की निजी संपत्ति बताया गया था और इसी आधार पर निवेश कराया गया। बाद में उन्हें जानकारी मिली कि जमीन उनकी नहीं थी, बल्कि किसी अन्य व्यक्ति से किराए पर ली गई थी।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि होटल से होने वाली आय और खर्च का कोई स्पष्ट हिसाब नहीं दिया गया। साथ ही बिना जानकारी दिए होटल को किसी अन्य व्यक्ति को किराए पर सौंप दिया गया।
नीरज चौधरी ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने अपनी हिस्सेदारी और निवेश की रकम के बारे में पूछताछ की तो उन्हें जान से मारने और झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई।
मामले में हरेंद्र सिंह उर्फ मामा यादव और उनकी पत्नी संतोष यादव के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
हरेंद्र सिंह उर्फ मामा यादव गाजियाबाद के प्रसिद्ध शिवा ढाबा के संचालक हैं और मूल रूप से हापुड़ जिले के रघुवीरगंज के निवासी बताए जाते हैं। मामले में अभी तक उनकी ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
