लखनऊ। उत्तर प्रदेश में नौतपा की भीषण और तपती गर्मी के बीच मौसम ने अचानक बेहद खतरनाक करवट ली है। प्रदेश के लखनऊ समेत पश्चिमी, पूर्वी, तराई और बुंदेलखंड क्षेत्रों में आए भीषण आंधी-तूफान, मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। इस प्राकृतिक आपदा के कारण राज्य के अलग-अलग हिस्सों में पेड़ गिरने, टिनशेड उड़ने, बिजली गिरने और अचानक आई बाढ़ जैसे हादसों में 16 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। मूसलाधार बारिश के चलते कई इलाकों में भारी नुकसान की खबरें हैं।
मौसम विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, इस आपदा का सबसे भयानक असर बुंदेलखंड क्षेत्र में देखने को मिला है, जहाँ अकेले ही 10 लोगों की जान चली गई। इसमें बांदा और हमीरपुर जिलों में तीन-तीन मौतों की पुष्टि हुई है। इसके अलावा रायबरेली, अंबेडकरनगर, कौशांबी, प्रतापगढ़, आजमगढ़, बलिया, भदोही, देवरिया, आगरा, मथुरा, उन्नाव और फतेहपुर सहित दर्जनों जिलों से भी मौतों और भारी तबाही की सूचना स्थानीय प्रशासन को मिली है, जिसकी आधिकारिक जांच की जा रही है। वहीं, सहारनपुर के प्रसिद्ध शाकंभरी देवी क्षेत्र में पहाड़ियों से अचानक आए तेज जलप्रवाह और बाढ़ की चपेट में आने से दो महिला श्रद्धालुओं की मौत होने की दुखद खबर भी सामने आई है।
तापमान में भारी गिरावट, मिर्जापुर और अयोध्या में रिकॉर्ड तोड़ बारिश
इस आंधी-तूफान और बारिश के चलते प्रदेश के कई जिलों में अधिकतम तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। पारा सामान्य से 8 डिग्री सेल्सियस तक नीचे लुढ़क गया, जिससे पिछले कई दिनों से भीषण गर्मी और लू झेल रहे लोगों को फौरी राहत तो मिली है, लेकिन यह राहत अपने साथ भारी तबाही लेकर आई। मौसम के आंकड़ों के मुताबिक, मिर्जापुर में सबसे ज्यादा 100 मिमी, अयोध्या में 90 मिमी, प्रयागराज में 61 मिमी और उन्नाव में 59 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा सीतापुर, बदायूं और झांसी समेत कई अन्य जिलों में भारी ओलावृष्टि हुई है, जिसने खड़ी फसलों, मकानों और वाहनों को भारी नुकसान पहुंचाया है।
रेल यातायात ठप, मौसम विभाग ने जारी किया भारी बारिश का अलर्ट
तूफान की तीव्रता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि कानपुर-उरई रेलखंड और गोरखपुर क्षेत्र में रेलवे की ओवरहेड इक्विपमेंट (OHE) लाइनें टूट गईं और कई जगहों पर भारी पेड़ रेलवे ट्रैक पर गिर गए, जिसके कारण इस रूट पर रेल यातायात घंटों प्रभावित रहा और कई ट्रेनों को बीच में ही रोकना पड़ा। मौसम विभाग ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए शनिवार को उत्तर प्रदेश के 46 जिलों में तेज आंधी-तूफान और 14 जिलों में मूसलाधार बारिश का ‘येलो और ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिए तत्काल राहत के निर्देश
उत्तर प्रदेश में आई इस प्राकृतिक आपदा पर संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी प्रभावित जिलों के जिलाधिकारियों (DMs) को तत्काल युद्ध स्तर पर राहत और बचाव कार्य चलाने के कड़े निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा है कि वे आपदा के कारण हुए नुकसान का तुरंत सटीक आकलन कराएं और प्रभावित व पीड़ित परिवारों को बिना किसी देरी के सरकारी सहायता और मुआवजा राशि उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। साथ ही, उन्होंने बिजली विभाग और लोक निर्माण विभाग को गिरे हुए खंभों और पेड़ों को हटाकर रास्ते व बिजली आपूर्ति जल्द बहाल करने के आदेश दिए हैं।
