अमेरिका और ईरान के बीच चल रहा तनाव अब एक भीषण सैन्य टकराव में बदल चुका है। अमेरिका ने 24 घंटे के भीतर ही ईरान पर दूसरी बार बड़ा हमला किया है। रविवार को एक भारतीय क्रू मेंबर वाले मालवाहक जहाज पर ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) द्वारा किए गए हमले के बाद अमेरिका ने यह जवाबी कार्रवाई शुरू की थी। अमेरिकी हमलों में ईरान के एक नौसैनिक अधिकारी के मारे जाने की खबर है। रविवार को ईरान के कम से कम 140 सैन्य ठिकानों पर विनाशकारी मिसाइल अटैक करने के बाद, अमेरिका ने सोमवार तड़के दोबारा बमबारी कर दी। यूएस सेंट्रल कमांड ने इस बड़ी सैन्य कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य में अंतरराष्ट्रीय जहाजों को निशाना बना रहा है, इसलिए उसकी युद्धक क्षमता को कमजोर करने के लिए यह बमबारी की गई है।
ईरान के 8 शहरों में सुबह-सुबह भीषण धमाके
‘अल जजीरा’ की एक रिपोर्ट के अनुसार, सोमवार तड़के ईरान के कम से कम 8 प्रमुख शहरों को अमेरिकी हमलों का सामना करना पड़ा है। स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक, ईरान के खुजिस्तान प्रांत सहित कई इलाकों में तड़के लगभग 1:35 बजे जोरदार धमाकों की आवाजें सुनाई दीं। शुरुआती आधिकारिक जानकारियों के अनुसार, सोमवार को हुए इन ताजा हमलों में एक शख्स की मौत हो गई है और कम से कम चार लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने यह भी स्पष्ट किया है कि रविवार को किए गए हमलों में मिसाइल व ड्रोन लॉन्च साइट्स और गोला-बारूद के भंडारों सहित कुल 140 ठिकानों को नेस्तनाबूद किया गया था। इस दौरान फारस की खाड़ी के सबसे बड़े द्वीप ‘केशम द्वीप’ को भी निशाना बनाया गया, जहाँ लगभग 1,50,000 की आबादी निवास करती है। ईरानी मीडिया ने भी पुष्टि की है कि अमेरिकी हमलों में उनकी नौसेना की कई नावों को नुकसान पहुँचा है और एक नौसैनिक अधिकारी मारा गया है।
जवाब में ईरान ने खाड़ी देशों पर दागीं मिसाइलें, युद्धविराम खत्म
अमेरिका के इस बड़े हमले के बाद भड़के ईरान ने भी पलटवार करते हुए खाड़ी देशों में ताबड़तोड़ हमले शुरू कर दिए हैं। सोमवार सुबह बहरीन में अचानक हमलों के सायरन बजने लगे, जिसके बाद वहाँ की सरकार ने आपातकालीन स्थिति को देखते हुए नागरिकों को बेवजह सड़कों पर न निकलने की सख्त हिदायत दी है। ईरान ने अपनी मिसाइलों का रुख कुवैत, कतर, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और जॉर्डन की तरफ भी कर दिया है और इन देशों को निशाना बनाया है। खाड़ी देशों पर हुए इन चौतरफा हमलों के बाद पूरे पश्चिमी एशिया (मिडिल ईस्ट) में तनाव चरम पर पहुँच गया है और दोनों देशों के बीच पहले से चला आ रहा अस्थायी युद्धविराम अब पूरी तरह खतरे में पड़ गया है।
भारतीय क्रू वाले जहाज पर हमले के बाद भड़का अमेरिका
इस पूरे टकराव की शुरुआत रविवार को उस समय हुई, जब ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहे ‘जीएफएस गैलेक्सी’ (GFS Galaxy) नामक एक कंटेनर शिप पर हमला बोल दिया था। इस हमले के बाद उस मालवाहक जहाज में भीषण आग लग गई। इस जहाज पर साइप्रस का झंडा लगा हुआ था और सबसे चिंताजनक बात यह है कि इस जहाज पर कम से कम 11 भारतीय क्रू मेंबर सवार थे, जिनका इस हमले के बाद से अभी तक कोई पता नहीं चल पाया है। इसी हमले का कड़ा संज्ञान लेते हुए अमेरिकी सेना ने ईरान के खिलाफ यह बड़ा मोर्चा खोल दिया है।
