Houthis Announce Naval Blockade: यमन के हूती विद्रोहियों ने सोमवार को सऊदी अरब के खिलाफ समुद्री नाकाबंदी (naval blockade) लगाने का ऐलान कर दिया है। इस फैसले से अमेरिका-ईरान युद्ध में एक नया मोर्चा खुलने की आशंकाएं काफी बढ़ गई हैं, जिससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और समुद्री व्यापार के लिए गंभीर खतरा पैदा हो गया है।
यह तनाव उस समय चरम पर पहुंचा है, जब हाल ही में जॉर्डन में स्थित अमेरिकी बेस पर हुए ईरानी हमले में दो अमेरिकी सैनिक मारे गए, एक लापता सैनिक के अवशेष मिलने की संभावना जताई गई और इराक में एक चौथे सैनिक की जान चली गई। इन घटनाओं के बाद अमेरिका ने ईरान के खिलाफ भीषण जवाबी कार्रवाई करने की बात कही है।
हूती विद्रोहियों द्वारा समुद्री नाकेबंदी की घोषणा किए जाने के तुरंत बाद सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने कड़ा रुख अपनाते हुए चेतावनी जारी की है। गठबंधन ने साफ कहा है कि वह हूतियों के खिलाफ सैन्य बल का इस्तेमाल करेगा और उन्हें ताकत व बल से करारा जवाब देगा। इसके साथ ही गठबंधन ने बाब-अल-मंडेब जलडमरूमध्य से गुजरने वाले अपने जहाजों की सुरक्षा को काफी बढ़ा दिया है। यह जलडमरूमध्य सऊदी अरब के तेल निर्यात के लिए बेहद महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग है, विशेषकर तब जब होर्मुज जलडमरूमध्य प्रभावी रूप से बंद हो चुका है।
हूतियों की यह घोषणा ऐसे समय में आई है जब तेहरान और वाशिंगटन हमलों के इस बिगड़ते चक्र को रोकने के लिए कूटनीतिक रास्ते फिर से तलाशने की कोशिश कर रहे हैं। इन हालिया हमलों ने पिछले महीने हुए एक बेहद नाजुक अंतरिम समझौते को लगभग समाप्त ही कर दिया था। हालांकि, ईरान के विदेश मंत्रालय ने जानकारी दी है कि मध्यस्थों ने तेहरान के सामने कुछ नए प्रस्ताव पेश किए हैं, जिससे पता चलता है कि बैकचैनल कूटनीतिक संपर्क अभी भी सक्रिय हैं, हालांकि मंत्रालय ने इस संबंध में कोई विस्तृत ब्योरा साझा नहीं किया है।
