लखनऊ: उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस के पावन अवसर पर राज्य सरकार ने प्रदेश का मान बढ़ाने वाली पांच महान विभूतियों को ‘यूपी गौरव सम्मान’ से नवाजने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री द्वारा इन सभी सम्मानित हस्तियों को उनके असाधारण योगदान के लिए 11 लाख रुपये की नकद राशि, प्रशस्ति पत्र और अंगवस्त्र प्रदान कर सम्मानित किया जाएगा। इस सूची में अंतरिक्ष विज्ञान से लेकर शिक्षा, साहित्य, कृषि और महिला सशक्तिकरण जैसे विभिन्न क्षेत्रों के दिग्गजों के नाम शामिल हैं।
अंतरिक्ष और शिक्षा के क्षेत्र में रचा इतिहास
यूपी गौरव सम्मान पाने वालों में लखनऊ के निवासी और अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला का नाम प्रमुखता से शामिल है। शुभांशु ने अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) पहुंचकर इतिहास रचा है, जहां वे नासा के कैनेडी स्पेस सेंटर से स्पेसएक्स के ड्रैगन अंतरिक्ष यान के जरिए पहुंचे थे। वहीं, शिक्षा के क्षेत्र में डिजिटल क्रांति लाने वाले प्रयागराज के अलख पांडेय को भी इस सम्मान से नवाजा जाएगा। अलख पांडेय ने वर्ष 2016 में ‘फिजिक्स वाला’ यू-ट्यूब चैनल के जरिए प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे लाखों छात्रों के लिए सस्ती और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई है।
साहित्य, महिला सशक्तिकरण और कृषि में विशेष योगदान
बुलंदशहर के प्रख्यात कवि और शिक्षाविद डॉ. हरिओम पंवार को साहित्य के क्षेत्र में उनकी अमूल्य सेवा के लिए यह प्रतिष्ठित पुरस्कार दिया जाएगा। महिला सशक्तिकरण की दिशा में मेरठ की रश्मि आर्या के योगदान को भी सराहा गया है, जिन्होंने श्रीमद् दयानंद आर्यकन्या गुरुकुल की स्थापना कर नारी शिक्षा और स्वावलंबन को नई दिशा दी। इसके साथ ही, वाराणसी के डॉ. सुधांशु सिंह को कृषि क्षेत्र में उनकी विशिष्ट उपलब्धियों और नई तकनीकों के प्रयोग के लिए यूपी गौरव सम्मान के लिए चुना गया है।
प्रदेश की प्रतिभाओं का सम्मान
उत्तर प्रदेश सरकार का यह कदम राज्य की उन प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने के लिए है जिन्होंने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी मेहनत और काबिलियत से उत्तर प्रदेश का नाम रोशन किया है। प्रशासन के अनुसार, इन पांचों हस्तियों का जीवन युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है और समाज के प्रति उनकी सेवाओं को पहचान देना ही इस गौरव सम्मान का मुख्य उद्देश्य है।
