तृणमूल कांग्रेस (TMC) की फायर ब्रांड सांसद और ममता बनर्जी की बेहद वफादार सहयोगी मानी जाने वाली महुआ मोइत्रा ने एक बार फिर अपने चिर-परिचित अंदाज में विरोधियों को जवाब दिया है। उन्होंने उन तमाम अटकलों और कयासों को सिरे से खारिज कर दिया है, जिनमें यह दावा किया जा रहा था कि वह भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) में शामिल हो सकती हैं या टीएमसी के बागी नेताओं के पाले में जा सकती हैं।
महुआ मोइत्रा ने साफ किया है कि पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी को लेकर उनकी जिस टिप्पणी को आधार बनाकर अफवाहें फैलाई जा रही हैं, वह दरअसल उस समय की है जब शुभेंदु अधिकारी तृणमूल कांग्रेस का हिस्सा हुआ करते थे। महुआ मोइत्रा ने गुरुवार देर रात सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पहले ट्विटर) पर एक पोस्ट साझा करते हुए लिखा कि साजिश की थ्योरी रचने वाले लोग अपनी जिंदगी पर ध्यान दें। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सिर्फ इसलिए कि उन्होंने शुभेंदु अधिकारी के साथ अपने पुराने दोस्ताना रिश्ते को लेकर एक टिप्पणी की थी, जब वे उनकी पार्टी में थे, इसका यह मतलब कतई नहीं है कि वह गद्दार ब्रिगेड ज्वाइन करने जा रही हैं। मोइत्रा ने यह भी जोड़ा कि जब से शुभेंदु अधिकारी ने टीएमसी छोड़ी है, तब से उन्होंने उनसे कोई बात नहीं की है।
Conspiracy theorists get a life. Just because I made a comment about my friendly relations with Suvendu Adhikari WHEN he was in my party (I haven’t spoken to him since he left) doesn’t mean I am joining the Gaddar brigade.
— Mahua Moitra (@MahuaMoitra) June 25, 2026
यह पूरा विवाद और महुआ मोइत्रा का स्पष्टीकरण उनके एक वायरल इंटरव्यू के बाद सामने आया है। उस इंटरव्यू में उन्होंने शुभेंदु अधिकारी के टीएमसी में रहने के दौरान उनके साथ अपने मैत्रीपूर्ण संबंधों का जिक्र किया था। उन्होंने बताया था कि उनके राजनीतिक जीवन के एक बेहद मुश्किल दौर में अधिकारी ने उनकी काफी मदद की थी और दोनों के बीच पार्टी में बहुत अच्छे ताल्लुकात थे। इसी बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा तेज हो गई थी कि महुआ मोइत्रा भी अपनी राजनीतिक वफादारी बदलने की फिराक में जुटी हैं। यह बयान ऐसे समय में आया है जब ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी के भीतर बड़ी उथल-पुथल मची हुई है और कई बड़े नेता या तो पार्टी छोड़ रहे हैं या बागियों के कैंप में शामिल हो रहे हैं।
महुआ मोइत्रा की इस सफाई के बावजूद राजनीतिक विरोधी उन पर लगातार तंज कस रहे हैं। कांग्रेस के पूर्व नेता आचार्य प्रमोद कृष्णम ने महुआ मोइत्रा को लेकर एक बेहद पेचीदा और बड़ा दावा कर दिया है। न्यूज़ एजेंसी एएनआई से बात करते हुए प्रमोद कृष्णम ने कहा कि महुआ मोइत्रा ठीक उसी तरह से ज्यादा बोल रही हैं, जिस तरह से अन्य सांसद बोला करते थे। उन्होंने दावा किया कि जिस दिन गृहमंत्री अमित शाह का फोन उनके पास चला गया, जो कि अभी उन्हें जा नहीं रहा है, वह खुद तृणमूल कांग्रेस और ममता बनर्जी के खिलाफ बोलना शुरू कर देंगी।
प्रमोद कृष्णम के इस दावे के पीछे मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियां भी हैं, क्योंकि हाल के दिनों में ममता बनर्जी के खिलाफ बगावत का झंडा बुलंद करने वाले टीएमसी सांसदों में एक बड़ी तादाद उन नेताओं की है, जो कभी उनके सबसे कट्टर वफादार माने जाते थे लेकिन वक्त बदलते ही उन्होंने अपनी सियासी पलटी मार ली। बहरहाल, महुआ मोइत्रा के इस कड़े रुख के बाद उनके पाला बदलने की अटकलों पर फिलहाल विराम जरूर लग गया है।
