Budget Session Day 3: संसद के बजट सत्र का दूसरा चरण सोमवार से शुरू होने जा रहा है और इसके आगाज के साथ ही सदन में भारी सियासी हंगामे के आसार हैं। सत्र की शुरुआत में ही लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा होनी है, जिसके चलते सत्तापक्ष और विपक्ष दोनों ने अपने-अपने सांसदों के लिए व्हिप जारी कर दिया है।
विपक्ष का आरोप है कि बिरला सदन के संचालन में गंभीर पक्षपात कर रहे हैं। विशेष रूप से सत्र के पहले चरण में राष्ट्रपति के धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को बोलने का मौका न दिए जाने की घटना के बाद कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों ने इस प्रस्ताव का नोटिस दिया था, जिस पर 118 सांसदों के हस्ताक्षर हैं। तृणमूल कांग्रेस ने भी अब इस अविश्वास प्रस्ताव का समर्थन करने का ऐलान कर दिया है।
सदन में टकराव का दूसरा बड़ा केंद्र रूस से तेल खरीदने को लेकर अमेरिका द्वारा दी गई इजाजत बनने जा रही है। मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध के बीच अमेरिका ने भारत को रूस से तेल खरीदने की छूट दी है, जिसे विपक्षी दल भारत की रणनीतिक स्वतंत्रता के खिलाफ बता रहे हैं।
विपक्ष का आरोप है कि यह ऐलान देश की संप्रभुता पर सवाल उठाता है और वे इस मुद्दे पर सरकार को घेरने की पूरी तैयारी में हैं। इसके साथ ही, पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में चुनाव आयोग द्वारा मतदाता सूची से लाखों नाम काटे जाने के मामले ने भी सियासी माहौल को गरमा दिया है। तृणमूल कांग्रेस और द्रमुक जैसी पार्टियों का आरोप है कि भाजपा के इशारे पर लाखों मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं।
दूसरी तरफ, सत्तापक्ष भी विपक्ष पर पलटवार करने की रणनीति बना रहा है। भाजपा शनिवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु की पश्चिम बंगाल यात्रा के दौरान हुए प्रोटोकॉल उल्लंघन के मुद्दे को जोर-शोर से उठाने वाली है। इस मामले में सत्तापक्ष तृणमूल कांग्रेस को कटघरे में खड़ा करने की कोशिश करेगा।
हालांकि, सत्र की कार्यवाही शुरू होते ही सबसे पहले शिलांग के वर्तमान सांसद रिकी सिंगकोन के निधन पर शोक व्यक्त किया जाएगा और सदन को दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित रखा जाएगा। इसके बाद कार्यसूची के अनुसार अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा शुरू होगी, जिसे देखते हुए संसद का यह चरण बेहद हंगामेदार रहने की उम्मीद है।
