राजधानी दिल्ली के आउटर जिले में स्थित नांगलोई-नजफगढ़ रोड आज दोपहर रणक्षेत्र में तब्दील हो गई। एक तेज रफ्तार दिल्ली परिवहन निगम (DTC) की बस ने सड़क किनारे चल रहे राहगीरों और वाहनों को बेरहमी से कुचल दिया। इस दर्दनाक सड़क हादसे में ई-रिक्शा और स्कूटी पर सवार तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद गुस्साए स्थानीय लोगों ने कानून हाथ में ले लिया और घटनास्थल पर जमकर उत्पात मचाया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, डीटीसी बस की रफ्तार इतनी तेज थी कि ड्राइवर उस पर नियंत्रण नहीं रख सका और उसने सड़क पर चलते लोगों को अपनी चपेट में ले लिया। मृतकों के शव सड़क पर बिखरे देख वहां मौजूद भीड़ का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। गुस्साए लोगों ने सबसे पहले दुर्घटना वाली बस को निशाना बनाया और उसमें तोड़फोड़ करने के बाद उसे आग के हवाले कर दिया। आग की लपटों ने देखते ही देखते पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
हिंसा यहीं नहीं रुकी; दुर्घटना वाली बस को फूंकने के बाद भी भीड़ का गुस्सा शांत नहीं हुआ। उग्र लोगों ने नांगलोई-नजफगढ़ रोड पर आ रही अन्य तीन से चार डीटीसी बसों को भी जबरन रुकवाया और उनके शीशे तोड़ दिए। देखते ही देखते पूरा मार्ग पूरी तरह जाम हो गया और यातायात ठप हो गया। स्थिति बेकाबू होते देख भारी संख्या में दिल्ली पुलिस के जवानों को मौके पर भेजा गया।
पुलिस अधिकारियों ने कड़ी मशक्कत के बाद भीड़ को तितर-बितर किया और आश्वासन दिया कि फरार बस ड्राइवर के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या और लापरवाही का मामला दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस के समझाने और कानूनी कार्यवाही के भरोसे के बाद लोग शांत हुए, लेकिन एहतियात के तौर पर पूरे इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। फिलहाल पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मृतकों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। इलाके में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है और पुलिस की टीमें स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए हैं।
