नई दिल्ली: सहकारिता मंत्री अमित शाह ने राज्यसभा में एक लिखित उत्तर में जानकारी दी कि सहकारिता मंत्रालय ने राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के सहयोग से एक व्यापक राष्ट्रीय सहकारी डेटाबेस (NCD) विकसित किया है। यह पोर्टल 8 मार्च, 2024 को लॉन्च किया गया था। यह डेटाबेस देश भर की लगभग 30 करोड़ सदस्यों वाली 8 लाख से अधिक सहकारी समितियों की जानकारी तक एकल-बिंदु पहुंच प्रदान करता है।
सहकारी समितियों के आंकड़े सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा इस उद्देश्य के लिए नियुक्त नोडल अधिकारियों द्वारा एकत्रित, प्रविष्ट, अद्यतन और सत्यापित किए जाते हैं। NCD, सहकारी समितियों के स्थान, सदस्यता, आर्थिक गतिविधियों, बुनियादी ढांचे, वित्तीय प्रदर्शन और लेखापरीक्षा विवरण जैसे मानदंडों पर आंकड़े एकत्र करता है, जिससे सहकारी समितियों के भौगोलिक विस्तार में कमियों की पहचान करने में मदद मिलती है। आवश्यकतानुसार NCD में और सुधार और कार्यात्मकताओं सहित नए आंकड़े जोड़े जाते हैं, और यह एक सतत प्रक्रिया है।
राज्य और केंद्र शासित प्रदेश नियमित रूप से राष्ट्रीय सहकारी डेटाबेस को अद्यतन करते हैं। इस डेटाबेस का उपयोग नीति निर्माताओं, राज्य सरकारों और अन्य हितधारकों द्वारा सहकारी आंदोलन के कार्यों और सुदृढ़ीकरण के लिए किया जा सकता है, विशेष रूप से उन क्षेत्रों में जहां समितियां कमजोर प्रदर्शन कर रही हैं।
राष्ट्रीय सहकारी डेटाबेस https://cooperatives.gov.in पर सार्वजनिक तौर पर उपलब्ध है।
