केरल में मुख्यमंत्री पद को लेकर पिछले 11 दिनों से जारी सस्पेंस आखिरकार समाप्त हो गया है। कांग्रेस आलाकमान ने वीडी सतीशन के नाम पर अंतिम मुहर लगा दी है, जिससे यह साफ हो गया है कि वह केरल के नए मुख्यमंत्री होंगे। सतीशन का चयन पार्टी के भीतर एक बड़े बदलाव के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि इस दौड़ में शामिल कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल का नाम पीछे छूट गया है।
मुख्यमंत्री के नाम की इस औपचारिक घोषणा से पहले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के साथ गहन विचार-विमर्श किया। इस महत्वपूर्ण चर्चा में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की केरल प्रभारी दीपा दासमुंशी और दो वरिष्ठ पर्यवेक्षक, अजय माकन तथा मुकुल वासनिक शामिल थे। इन पर्यवेक्षकों ने हाल ही में केरल के सभी नवनिर्वाचित विधायकों से व्यक्तिगत रूप से मुलाकात कर उनकी राय जानी थी, जिसकी रिपोर्ट खड़गे को सौंपी गई थी।
उल्लेखनीय है कि केरल विधानसभा चुनाव के नतीजे 4 मई को ही घोषित हो गए थे, लेकिन नेतृत्व को लेकर चल रही खींचतान के कारण 11 दिनों तक नाम तय नहीं हो पाया था। इस गतिरोध को खत्म करने के लिए बुधवार शाम राहुल गांधी ने मल्लिकार्जुन खड़गे के साथ करीब 30 मिनट तक बैठक की थी। इसके बाद गुरुवार सुबह राहुल गांधी ने केसी वेणुगोपाल से भी मुलाकात की। माना जा रहा है कि आज होने वाली केरल कांग्रेस विधायक दल की बैठक में वीडी सतीशन के नाम का औपचारिक प्रस्ताव रखा जाएगा, जिसके बाद वह सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे। सतीशन के चुने जाने को पार्टी के भीतर आक्रामक विपक्ष की भूमिका निभाने वाले नेता को कमान सौंपने के तौर पर देखा जा रहा है।
