नई दिल्ली: देश की राजधानी में मंगलवार को उस समय सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए, जब एक युवक अपनी कार लेकर सीधे दिल्ली विधानसभा परिसर के भीतर जा घुसा। आरोपी की पहचान उत्तर प्रदेश के पीलीभीत निवासी सरबजीत सिंह के रूप में हुई है। पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए घटना के कुछ ही समय बाद उसे रूपनगर इलाके से गिरफ्तार कर लिया है और उसकी कार भी जब्त कर ली गई है।
यह घटना दोपहर करीब 2:05 बजे की है, जब सरबजीत ने अपनी कार से विधानसभा के गेट नंबर-2 को टक्कर मारी और उसे तोड़ते हुए अंदर प्रवेश कर गया। परिसर के भीतर पहुँचकर उसने विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता की आधिकारिक कार के पास जाकर उन पर फूलों का गुलदस्ता और माला रखी। चश्मदीदों के अनुसार, वह कुछ देर अपनी कार में बैठा रहा और फिर स्पीकर के दफ्तर के बाहर भी एक गुलदस्ता रखकर उसी गेट से फरार हो गया। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे रूपनगर के पास एक पिकेट पर दबोच लिया।
पकड़े गए युवक के परिवार का दावा है कि सरबजीत मानसिक रूप से अस्थिर है। उसकी माँ ने बताया कि वह 1 अप्रैल को पीलीभीत से निकला था और पिछले पांच दिनों से लापता था। परिवार के अनुसार, वह अक्सर बिना बताए घर से चला जाता था, किसी की बात नहीं सुनता था और स्वभाव से काफी गुस्सैल था। घटना में इस्तेमाल की गई कार सरबजीत ने इसी साल मार्च में खरीदी थी। पुलिस की एक टीम ने उसके घर जाकर भी पूछताछ की है, लेकिन परिवार को उसके दिल्ली आने के कारणों की कोई जानकारी नहीं थी।
विधानसभा जैसी सुरक्षित जगह पर हुई इस घुसपैठ को प्रशासन ने बेहद गंभीरता से लिया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए अतिरिक्त महानिदेशक (ADG) स्तर के अधिकारी की निगरानी में उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए गए हैं। जांच टीम इस बात का पता लगाएगी कि सुरक्षा घेरे में इतनी बड़ी चूक कैसे हुई और आरोपी का असली इरादा क्या था। फिलहाल सरबजीत पुलिस की हिरासत में है, हालांकि पूछताछ के दौरान उसने अभी तक इस हरकत के पीछे का कोई ठोस कारण स्पष्ट नहीं किया है।
