उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से एक बेहद दुखद और चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां तीन सगी बहनों ने एक साथ 9वीं मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद मौके से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है, जिसमें तीनों बहनों ने अपने माता-पिता से माफी मांगते हुए लिखा है— “सॉरी मम्मी, सॉरी पापा।” इस घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।
इस बीच मृतक बच्चियों के पिता ने पुलिस जांच के दौरान एक चौंकाने वाला दावा किया है। पिता के अनुसार, तीनों लड़कियां एक ऑनलाइन कोरियन गेम खेलने की आदी थीं, जिसकी जानकारी उन्हें पहले नहीं थी। मंगलवार को उस गेम का आखिरी टास्क था और आशंका है कि टास्क पूरा करने के बाद ही तीनों बहनों ने यह कदम उठाया। पुलिस बच्चियों के मोबाइल फोन को जांच के लिए अपने साथ ले गई है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि आत्महत्या का संबंध वास्तव में गेम से था या नहीं।
पिता ने बताया कि जिस गेम को बच्चियां खेल रही थीं, उसमें कुल 50 टास्क थे। बीच वाली बहन उस गेम की लीडर थी और वही बाकी दोनों को निर्देश देती थी। तीनों बहनें हर गतिविधि एक साथ करती थीं, जिससे आशंका जताई जा रही है कि यह भी गेम के निर्देशों का हिस्सा हो सकता है। आत्महत्या के लिए बच्चियों ने दो स्टेप वाली सीढ़ी का इस्तेमाल किया था। हैरानी की बात यह है कि इस पूरे खेल के बारे में उन्होंने किसी को भनक तक नहीं लगने दी।
परिवार की स्थिति भी काफी जटिल बताई जा रही है। बच्चियों के पिता ने दो शादियां की हैं। पहली पत्नी से संतान न होने पर उन्होंने उसी की छोटी बहन से दूसरी शादी की थी। दूसरी शादी से तीन बच्चे हुए, जबकि बाद में पहली पत्नी से भी दो बच्चे हुए। आत्महत्या करने वाली तीन बहनों में दो दूसरी पत्नी की बेटियां थीं, जबकि एक पहली पत्नी की बेटी थी। दोनों पत्नियां और सभी बच्चे एक ही घर में साथ रहते थे। जानकारी के अनुसार, पिछले दो वर्षों से तीनों बच्चियां स्कूल भी नहीं जा रही थीं।
मृतक बहनों की पहचान निशिका (16 वर्ष), प्राची (14 वर्ष) और पाखी (12 वर्ष) के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि तीनों ने रात करीब 2:30 बजे गाजियाबाद के थाना टीला मोड़ क्षेत्र स्थित भारत सिटी के टावर बी-1 की 9वीं मंजिल से छलांग लगाई।
पुलिस के अनुसार, रात्रि लगभग 2:15 बजे पीआरवी के माध्यम से सूचना मिली कि भारत सिटी में फ्लैट नंबर 907 की नवीं मंजिल से तीन लड़कियां कूद गई हैं। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, जहां तीनों बच्चियां जमीन पर गिरी हुई मिलीं। उन्हें तत्काल एम्बुलेंस से 50 शैय्या अस्पताल, लोनी ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने तीनों को मृत घोषित कर दिया।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। मोबाइल फोन, सुसाइड नोट और पारिवारिक पृष्ठभूमि के आधार पर सभी पहलुओं को खंगाला जा रहा है, ताकि इस दर्दनाक घटना के पीछे की असली वजह सामने आ सके।
