पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच भारत में एलपीजी सप्लाई को लेकर लोगों के बीच तरह-तरह की बातें फैल रही हैं। मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष के कारण कई लोगों को डर है कि कहीं गैस की सप्लाई प्रभावित न हो जाए। इसी आशंका के चलते कुछ लोग एक के बाद एक सिलेंडर बुक करके घर में जमा करने लगे हैं। हालात को देखते हुए सरकार ने दो सिलेंडर बुक करने के बीच का समय बढ़ा दिया है और गैस की कीमतों में भी बढ़ोतरी की गई है।
ऐसे माहौल में कई परिवार अब किचन के लिए किसी बैकअप विकल्प के बारे में सोचने लगे हैं। इसी वजह से बाजार में इंडक्शन चूल्हों की मांग तेजी से बढ़ रही है। बिजली से चलने वाला यह चूल्हा गैस के मुकाबले आसान और कई मामलों में किफायती भी माना जाता है। हालांकि बाजार में इसके कई तरह के मॉडल मौजूद हैं, इसलिए खरीदने से पहले कुछ जरूरी बातों को समझ लेना बेहतर रहता है।
इंडक्शन चूल्हा लेते समय सबसे पहले उसकी पावर रेटिंग पर ध्यान देना चाहिए। आम तौर पर बाजार में 1200 वॉट से लेकर 2200 वॉट तक के मॉडल मिलते हैं। ज्यादा पावर वाला इंडक्शन खाना जल्दी पकाता है, लेकिन उसकी बिजली खपत भी ज्यादा हो सकती है। इसलिए ऐसा मॉडल चुनना ठीक रहता है जो आपके रोजमर्रा के इस्तेमाल के हिसाब से सही हो। आजकल कई इंडक्शन में अलग-अलग कुकिंग मोड भी दिए जाते हैं, जैसे उबालना, फ्राई करना या धीमी आंच पर पकाना। इससे खाना बनाना आसान हो जाता है और बिजली की खपत भी नियंत्रित रहती है।
इंडक्शन चूल्हे की एक खास बात यह भी है कि इसमें हर तरह के बर्तन इस्तेमाल नहीं किए जा सकते। यह मैग्नेटिक तकनीक पर काम करता है, इसलिए स्टील या आयरन बेस वाले बर्तन ही ठीक से गर्म होते हैं। कई बार एल्यूमिनियम या सामान्य बर्तन इंडक्शन पर काम नहीं करते। इसलिए नया इंडक्शन खरीदने से पहले यह देख लेना जरूरी है कि आपके घर के बर्तन उसमें इस्तेमाल हो पाएंगे या नहीं। अगर नहीं, तो इंडक्शन बेस वाले बर्तन अलग से खरीदने पड़ सकते हैं।
आजकल आने वाले इंडक्शन चूल्हों में कई सेफ्टी फीचर्स भी दिए जाते हैं। इनमें ऑटो कट-ऑफ, ओवरहीट प्रोटेक्शन और चाइल्ड लॉक जैसे विकल्प शामिल होते हैं। अगर इंडक्शन ज्यादा गर्म हो जाए या उस पर सही बर्तन न रखा हो तो यह अपने आप बंद हो जाता है, जिससे दुर्घटना की आशंका कम हो जाती है। इसके अलावा खरीदते समय ब्रांड, वारंटी और सर्विस सपोर्ट की जानकारी भी जरूर देखनी चाहिए। भरोसेमंद कंपनी का इंडक्शन थोड़ा महंगा जरूर हो सकता है, लेकिन लंबे समय तक टिकाऊ रहता है।
