Kanwar Yatra 2026 Traffic Advisory: आगामी कांवड़ यात्रा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर कड़े कदम उठाए हैं। 4 से 12 अगस्त तक दिल्ली-हरिद्वार हाईवे पर आपातकालीन (इमरजेंसी) वाहनों को छोड़कर बाकी सभी प्रकार की गाड़ियों की आवाजाही पर पूरी तरह रोक रहेगी। अधिकारियों के अनुसार, भारी वाहनों पर पाबंदी 30 जुलाई से ही लागू कर दी गई है, जबकि 11 अगस्त तक श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रहने की संभावना है। इस दौरान गंगा नहर रोड समेत मुख्य कॉरिडोर को पूरी तरह बंद रखा जाएगा।
यह प्रतिबंध मुख्य रूप से नेशनल हाईवे 334 (पुराना NH-58) पर लागू होगा, जो मेरठ, मुजफ्फरनगर, रुड़की और हरिद्वार जैसे प्रमुख शहरों को आपस में जोड़ता है। उत्तर प्रदेश सीमा के अंतर्गत आने वाला दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे का हिस्सा भी 7 से 12 अगस्त के बीच यातायात के लिए बंद रहेगा। इसके अतिरिक्त, दिल्ली पुलिस ने भी दिल्ली-देहरादून कॉरिडोर के लिए चरणबद्ध तरीके से व्यापक ट्रैफिक पाबंदियां और डायवर्जन प्लान जारी किए हैं।
मार्ग परिवर्तन और वैकल्पिक रास्ते
लंबी दूरी का सफर करने वाले यात्रियों की सुविधा के लिए पुलिस प्रशासन ने ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (EPE), हापुड़ के रास्ते नेशनल हाईवे 9 और दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के खुले हुए हिस्सों का उपयोग करने की सलाह दी है। मेरठ जोन के पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, कांवड़ यात्रियों को दिल्ली-देहरादून कॉरिडोर की तरफ जाने से रोका जा रहा है, जिससे आम वाहन चालकों के लिए यह मार्ग एक बेहतर विकल्प बन सके। यात्रियों से गाजियाबाद और मेरठ ट्रैफिक पुलिस द्वारा जारी स्थानीय डायवर्जन का पालन करने का आग्रह किया गया है।
- दिल्ली से देहरादून: ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (EPE) के रास्ते दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के केवल उन्हीं हिस्सों का उपयोग करें जो आम यातायात के लिए खुले हैं।
- दिल्ली से हरिद्वार: EPE और NH-9 (हापुड़ दिशा) का इस्तेमाल करें तथा स्थानीय डायवर्जन का पालन करें। 4 से 12 अगस्त के दौरान NH-334 पर जाने से बचें।
- दिल्ली से सहारनपुर बेल्ट: बागपत/हापुड़ कनेक्टर की ओर EPE का उपयोग करें और समय-समय पर जारी जिला एडवाइजरी पर ध्यान दें।
अतिरिक्त बसें, हेल्पलाइन नंबर और लॉजिस्टिक्स पर असर
श्रद्धालुओं और आम यात्रियों की बढ़ी हुई संख्या को देखते हुए 30 जुलाई से 11 अगस्त तक गाजियाबाद-हरिद्वार रूट पर 350 अतिरिक्त बसों का संचालन किया जा रहा है। हालांकि, दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे बंद रहने के दौरान इन बसों का रूट डायवर्ट किया जा सकता है। किसी भी प्रकार की सहायता के लिए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के हेल्पलाइन नंबर 1095 या 011-25844444 अथवा राष्ट्रीय आपातकालीन नंबर 112 पर संपर्क किया जा सकता है।
हाईवे बंद रहने और भारी वाहनों पर रोक के कारण उत्तराखंड और आसपास के क्षेत्रों में माल ढुलाई (लॉजिस्टिक्स) और डिलीवरी सेवाओं पर सीधा असर पड़ेगा। लॉजिस्टिक्स विशेषज्ञों ने ट्रांसपोर्टरों को 24 से 72 घंटे का अतिरिक्त समय लेकर चलने की सलाह दी है। गाजियाबाद में दिल्ली-मेरठ रोड पर 12 अगस्त तक, मेरठ में 29 जुलाई से तथा मुजफ्फरनगर में 4 से 12 अगस्त तक सभी प्रकार के वाहनों के प्रवेश पर रोक और डायवर्जन लागू रहेगा।
