बिहार के सीतामढ़ी जिले में पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। सीतामढ़ी पुलिस ने प्रसिद्ध प्रॉपर्टी डीलर दिनेश यादव हत्याकांड में शामिल तीन शातिर अपराधियों को हाफ एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में तीनों बदमाशों के पैरों में गोली लगी, जिसके बाद उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मौके से पुलिस ने भारी मात्रा में अवैध हथियार और कारतूस भी बरामद किए हैं।
25 जुलाई को ताबड़तोड़ फायरिंग कर की गई थी हत्या
मामला रीगा थाना क्षेत्र के मेहंदी नगर का है, जहां 25 जुलाई 2026 की देर शाम प्रॉपर्टी डीलर दिनेश यादव की ताबड़तोड़ फायरिंग कर हत्या कर दी गई थी। हमलावरों ने दिनेश यादव पर करीब सात गोलियां बरसाई थीं, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई थी। इस सनसनीखेज वारदात के बाद पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) और जिला आसूचना इकाई (DIU) लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई थी।
घेराबंदी के दौरान बदमाशों ने की पुलिस पर फायरिंग
पुलिस को 6-7 अक्टूबर की दरम्यानी रात करीब 11 बजे सूचना मिली कि मुख्य आरोपी सुनील कुशवाहा अपने साथियों के साथ रीगा-परसौनी रोड के पास देखा गया है। सूचना मिलते ही SIT, DIU और रीगा थाना पुलिस ने इलाके में सघन गश्त और घेराबंदी शुरू कर दी। रेवासी-भगवानपुर बॉर्डर के पास एक ही बाइक पर सवार तीन संदिग्धों को जब पुलिस ने रोकने का प्रयास किया, तो वे भागने लगे। इसी दौरान उनकी बाइक फिसलकर गिर गई।
खुद को घिरता देख बदमाशों ने पुलिस टीम पर सीधी फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के तहत आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें तीनों अपराधियों के पैरों में गोली लगी और उन्हें दबोच लिया गया।
3 सेमी-ऑटोमेटिक पिस्टल और बैग भरकर गोलियां बरामद
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान सुनील कुशवाहा (निवासी रामनगरा, रीगा), मणि कुमार (निवासी बैरगनिया) और इंदल कुमार (निवासी गाढ़ा) के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके पास से 3 सेमी-ऑटोमेटिक पिस्टल और कारतूसों से भरा एक पिट्ठू बैग जब्त किया है। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार तीनों अपराधियों का पहले से ही लूट और हत्या जैसे कई संगीन आपराधिक मामलों में लंबा इतिहास रहा है।
