क्रिस्टियानो रोनाल्डो का आखिरी वर्ल्ड कप सोमवार को बेहद भावुक मोड़ पर खत्म हो गया, जब राउंड ऑफ 16 के एक कड़े मुकाबले में पुर्तगाल को स्पेन के हाथों 1-0 से करीबी हार का सामना करना पड़ा। अर्लिंगटन में खेले गए इस ऐतिहासिक मैच के साथ ही 41 वर्षीय महान फुटबॉलर रोनाल्डो का छठा और अंतिम वर्ल्ड कप सफर समाप्त हो गया। मैच के अंतिम विसिल बजते ही रोनाल्डो का चेहरा बेहद उदास नजर आया, लेकिन उन्होंने खेल भावना दिखाते हुए स्टेडियम में मौजूद हजारों फैंस की तरफ हाथ हिलाकर उनके अनवरत समर्थन के लिए शुक्रिया अदा किया।
इस नॉकआउट मुकाबले में रोनाल्डो को पुर्तगाल के लिए गोल करने और मैच का पासा पलटने का सुनहरा मौका भी मिला था, लेकिन स्पेन के दीवार बने गोलकीपर उनाई सिमोन ने असाधारण छलांग लगाते हुए उनके प्रयास को नाकाम कर दिया। पूरे मैच के दौरान रोनाल्डो ने गोलपोस्ट पर कुल तीन शॉट दागे, जिनमें से दो शॉट पूरी तरह गोल के दायरे (ऑन टारगेट) में थे। एक बेहद रोमांचक मोड़ पर पुर्तगाल के खिलाड़ी जोआओ फेलिक्स के दमदार हेडर के बाद गेंद सिमोन के कंधे से टकराकर वापस आई, जिस पर रोनाल्डो ने मुस्तैदी दिखाते हुए पीछे की तरफ बेहतरीन किक (बाइसिकल किक जैसी) मारी, परंतु सिमोन ने हवा में तैरते हुए दोनों हाथों से गेंद को मुस्तैदी से जकड़ लिया।
अपनी विदाई के इस मुकाबले से ठीक एक दिन पहले रोनाल्डो ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में करीब 25 मिनट तक दुनिया भर के पत्रकारों से खुलकर बात की थी। उस दौरान उन्होंने अपनी दिली इच्छा जाहिर करते हुए कहा था कि वे पूरी उम्मीद करते हैं कि स्पेन के खिलाफ होने वाला यह मैच उनका आखिरी मुकाबला साबित न हो, क्योंकि वे अपने इस अंतिम वर्ल्ड कप के हर एक पल को पूरी शिद्दत से जीना और अपनी टीम को आगे ले जाना चाहते हैं।
अगर रोनाल्डो के शानदार रिकॉर्ड्स पर नजर डालें, तो अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल इतिहास में सबसे ज्यादा 146 गोल करने का सर्वकालिक रिकॉर्ड उन्हीं के नाम दर्ज है। इसके अलावा वर्ल्ड कप के इतिहास में उन्होंने कुल 11 गोल दागे हैं, जो उन्हें इस मेगा टूर्नामेंट की करियर लिस्ट में नौवें स्थान पर रखता है। साल 2006 में अपने पहले डेब्यू वर्ल्ड कप में रोनाल्डो पुर्तगाल की टीम के साथ सेमीफाइनल तक पहुंचे थे, जो उनके वर्ल्ड कप करियर का अब तक का सबसे सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा।
दूसरी तरफ, पुर्तगाल को हराने के साथ ही स्पेन की टीम ने भी फुटबॉल इतिहास में एक नया कीर्तिमान स्थापित कर दिया है। स्पेन ने वर्ल्ड कप में लगातार छठी बार अपने गोलपोस्ट को ‘क्लीन शीट’ (एक भी गोल न खाना) रखा है, जो वर्ल्ड कप के इतिहास का सबसे बड़ा रिकॉर्ड है। इससे पहले यह रिकॉर्ड संयुक्त रूप से इटली और स्विट्जरलैंड के नाम दर्ज था। इसके साथ ही स्पेनिश गोलकीपर उनाई सिमोन ने भी टूर्नामेंट में लगातार 609 मिनट तक कोई गोल न खाने का एक अद्भुत रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है, जिसके साथ ही उन्होंने इटली के दिग्गज गोलकीपर वाल्टर जेंगा द्वारा साल 1990 के वर्ल्ड कप में बनाए गए ऐतिहासिक रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया है।
