अमेरिका के लुइसियाना राज्य से एक बेहद घिनौना, विकृत और चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने स्थानीय निवासियों के साथ-साथ सोशल मीडिया पर भी लोगों को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस ने एक ऐसे कपल को गिरफ्तार किया है, जिन पर अपने ही पालतू ‘गोल्डन रिट्रीवर’ प्रजाति के कुत्ते के साथ यौन संबंध बनाने और अप्राकृतिक कृत्य करने का बेहद गंभीर आरोप है। मामले की संवेदनशीलता और भयावहता तब और बढ़ गई जब पुलिस को जांच के दौरान आरोपियों के मोबाइल फोन और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस से कई डिस्टर्बिंग और आपत्तिजनक वीडियो मिले, जिनमें वे बेजुबान जानवर के साथ संबंध बनाते हुए साफ दिखाई दे रहे थे। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान 28 वर्षीय फिलिप बेबिन और 34 वर्षीय हैली मायर के रूप में हुई है।
पुलिस द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस कपल की घिनौनी करतूतों का दायरा सिर्फ पशु क्रूरता तक ही सीमित नहीं था, बल्कि मुख्य आरोपी फिलिप बेबिन पर एक मासूम बच्चे के साथ भी गंभीर क्रूरता करने का मामला दर्ज किया गया है। जांच में सामने आया है कि फिलिप ने हैली मायर की नाबालिग बेटी पर घर में लगी पर्दे की लोहे की छड़ (कर्टेन रॉड) से जानलेवा हमला किया था और उसे शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित किया था। मामले की शिकायत मिलने के बाद जब पुलिस ने उनके घर पर छापेमारी की, तो वहां से लैपटॉप, टैबलेट और मोबाइल समेत कई डिजिटल डिवाइस बरामद हुए। इन डिवाइसों की फॉरेंसिक जांच के बाद पुलिस ने फिलिप बेबिन पर कुल 36 अलग-अलग मामलों में और हैली मायर पर कुल 47 मामलों में संगीन धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।
स्थानीय पुलिस विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बीती 17 जून को दोनों आरोपियों को उनके आवास से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। कोर्ट में पेशी के दौरान मामले की गंभीरता को देखते हुए जज ने फिलिप बेबिन की जमानत राशि 3,60,000 डॉलर (लगभग 3 करोड़ रुपये) और हैली मायर की जमानत राशि 5,20,000 डॉलर (लगभग 4.3 करोड़ रुपये) तय की थी। हालांकि, एक निश्चित कानूनी प्रक्रिया और भारी-भरकम मुचलका भरने के बाद दोनों आरोपियों को फिलहाल सशर्त जमानत मिल गई है, लेकिन पुलिस और जासूसी एजेंसियां इस मामले की गहराई से जांच कर रही हैं। पुलिस प्रशासन ने एक बयान जारी कर स्पष्ट किया है कि अमेरिकी कानून के सिद्धांतों के तहत दोनों आरोपियों को तब तक निर्दोष माना जाएगा, जब तक कि अदालत में उनके खिलाफ लगे आरोप पूरी तरह सिद्ध नहीं हो जाते, हालांकि उनके मोबाइल से जब्त किए गए वीडियो इन प्राथमिक आरोपों की मजबूती से पुष्टि कर रहे हैं।
यह कपल अपने इलाके में इस पालतू डॉग के साथ काफी समय से रह रहा था और उनके आसपास रहने वाले पड़ोसियों को हमेशा यही लगता था कि वे दोनों बेहद सामान्य ‘डॉग लवर्स’ यानी पशु प्रेमी हैं। पड़ोसियों ने बयान दिया है कि उन्होंने सपने में भी नहीं सोचा था कि एक शांत दिखने वाले परिवार के दिमाग में इस कदर की घिनौनी और बीमार मानसिकता चल रही होगी। इस वीभत्स घटना के वीडियो और खबरें जैसे ही इंटरनेट पर वायरल हुईं, वैसे ही आम जनता में भारी आक्रोश फैल गया। सोशल मीडिया पर लोग आरोपियों के खिलाफ अपना गुस्सा जाहिर कर रहे हैं और अमेरिकी कोर्ट से उन्हें सख्त से सख्त सजा देने की मांग कर रहे हैं। इसके साथ ही कई अंतरराष्ट्रीय पशु अधिकार संगठनों ने भी इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है और कहा है कि पालतू पशु सिर्फ मनोरंजन की वस्तु नहीं बल्कि परिवार के अभिन्न सदस्य होते हैं, जिनके साथ ऐसा अमानवीय और विकृत व्यवहार किसी भी सभ्य समाज में बर्दाश्त नहीं किया जा सकता।
लुइसियाना राज्य के कानूनी प्रावधानों की बात करें तो वहां पशु क्रूरता, अप्राकृतिक यौन संबंध और बाल अपराध दोनों को ही बेहद गंभीर और गैर-जमानती अपराधों की श्रेणी में रखा गया है। कानूनी विशेषज्ञों के मुताबिक, यदि अदालत में इस कपल पर लगे सभी आरोप पूरी तरह सच साबित हो जाते हैं, तो सख्त कानूनों के तहत उन्हें अधिकतम 40 साल तक की जेल की सजा काटनी पड़ सकती है। यह पूरा मामला समाज में छिपी गहरी मानसिक विकृतियों को उजागर करता है और यह संदेश देता है कि ऐसे घिनौने अपराधों पर पुलिस की त्वरित और सख्त कानूनी कार्रवाई ही समाज में एक कड़ा डर पैदा कर सकती है ताकि भविष्य में कोई भी बेजुबानों और मासूमों के साथ ऐसा करने की हिम्मत न कर सके।
