Cyclone Senyar Alert: उत्तर भारत में ठंड का असर लगातार बढ़ रहा है, वहीं दक्षिण भारत अब भारी बारिश के खतरे से घिर गया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने दक्षिणी राज्यों के लिए हाई अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिणी अंडमान सागर और मलक्का स्ट्रेट के आसपास निम्न दबाव का क्षेत्र (Low Pressure Area) बन रहा है, जो तेज़ी से डिप्रेशन में बदल सकता है। यह मौसमी प्रणाली 24 नवंबर को बंगाल की खाड़ी की ओर बढ़ते हुए और अधिक मजबूत हो जाएगी, जिससे क्षेत्र में चक्रवात बनने की संभावना जताई गई है।
IMD ने ‘एक्स’ पर जारी चेतावनी में कहा कि यह संभावित चक्रवात पश्चिमी तट की ओर बढ़ सकता है, जिससे कई राज्यों में भारी बारिश का खतरा रहेगा। इस दौरान तेज हवाएं और आंधी-तूफान की स्थिति भी उत्पन्न हो सकती है।
किन राज्यों में मौसम का कहर?
मौसम विभाग ने 22 से 25 नवंबर के बीच जिन क्षेत्रों में भारी बारिश की संभावना जताई है, उनमें तमिलनाडु (25 नवंबर तक भारी बारिश की चेतावनी), केरल और माहे (26 नवंबर तक मूसलाधार बारिश और तेज हवाएं), आंध्र प्रदेश के तटीय इलाके (मध्यम से भारी बारिश की संभावना), और अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह (24 और 25 नवंबर को भारी से बहुत भारी बारिश) शामिल हैं। वहीं, लक्षद्वीप और रायलसीमा में भी 23 नवंबर को तेज वर्षा का अनुमान लगाया गया है।
हवाओं की रफ्तार बढ़ेगी, हाई अलर्ट जारी
अंडमान और निकोबार में हवाओं की रफ़्तार 40-50 किमी प्रति घंटे तक पहुँचने की आशंका है, जबकि केरल, माहे और लक्षद्वीप में 26 नवंबर तक तेज हवाओं के साथ लगातार बारिश हो सकती है। समुद्र में उठती उफानभरी लहरों को देखते हुए तटीय क्षेत्रों में हाई अलर्ट घोषित किया गया है। मछुआरों और पर्यटकों को समुद्र में जाने से सख्त मना किया गया है। प्रशासन ने तटीय इलाकों में एहतियाती कदम तेज करने के निर्देश जारी किए हैं।
दक्षिण भारत इस समय एक संभावित चक्रवात के खतरे का सामना कर रहा है, इसलिए आने वाले दिनों में मौसम की हर अपडेट पर नजर रखना और सतर्क रहना बेहद जरूरी होगा।
