दिल्ली: देश की राजधानी दिल्ली में एक बार फिर तेज रफ्तार कार ने एक युवक की जान ले ली। 3 फरवरी को दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के द्वारका इलाके में हुई इस सड़क दुर्घटना में 23 वर्षीय साहिल धनेश्रा की मौके पर ही मौत हो गई।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, जिस स्कॉर्पियो कार ने साहिल की बाइक को टक्कर मारी, उस पर पहले से ही तेज रफ्तार में गाड़ी चलाने के 13 चालान दर्ज थे। हादसे के बाद गाड़ी अनियंत्रित होकर पास खड़ी एक टैक्सी से भी भिड़ गई। इस दुर्घटना में एक अन्य कैब चालक अजीत सिंह गंभीर रूप से घायल हुआ, जिसका इलाज अस्पताल में जारी है।
घटना का विवरण
हादसा द्वारका साउथ थाना क्षेत्र के लाल बहादुर शास्त्री कॉलेज के पास सुबह करीब 11:57 बजे हुआ। चश्मदीदों और मृतक की मां के अनुसार, साहिल सड़क पर काफी देर तक तड़पता रहा लेकिन समय पर अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका।
मृतक की मां की प्रतिक्रिया
साहिल की मां इन्ना माकन ने बताया कि उनके बेटे की मौत आरोपी के स्टंट और रीलबाजी के कारण हुई। उन्होंने कहा कि जिस स्कॉर्पियो ने उनके बेटे को टक्कर मारी, वह नियम तोड़ने में पहली बार नहीं था। इस गाड़ी पर पहले से ही 13 चालान दर्ज थे और इसे चला रहा था 19 वर्षीय अक्षत्रा सिंह, जिसके पास ड्राइविंग लाइसेंस भी नहीं था।
आरोपी की जमानत
पुलिस ने आरोपी चालक को मौके से गिरफ्तार किया था, लेकिन बोर्ड परीक्षा देने के आधार पर उसे अंतरिम जमानत दे दी गई। साहिल के अंतिम संस्कार के दौरान आरोपी को रिहा किया जाना साहिल की मां के लिए शोक और आक्रोश का कारण बना।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता (IPC) की धारा 281 (लापरवाही से वाहन चलाना) और 304(1) (लापरवाही से मौत) के तहत FIR दर्ज की है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है, लेकिन यह सवाल अभी भी बरकरार है कि 13 चालान होने के बावजूद यह गाड़ी सड़क पर कैसे दौड़ रही थी।
