Pakistan Terror Attack: पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में देर रात डेरा इस्माइल खान स्थित एक पुलिस ट्रेनिंग सेंटर पर बड़ा आत्मघाती हमला हुआ है। हमले के समय जोरदार धमाका हुआ और चारों तरफ आग फैल गई। आत्मघाती हमलावरों और पाकिस्तानी सेना के बीच चली लंबी मुठभेड़ में दो पाकिस्तानी सैनिक मारे गए हैं। इस हमले के पीछे प्रतिबंधित आतंकी संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) का हाथ होने का शक जताया जा रहा है।
हमले के वक्त का एक वीडियो भी हमलावरों ने जारी किया है। इस वीडियो में चारों तरफ आग लगी है और गोलियां चलने की आवाज़ें आ रही हैं। सबसे चिंताजनक बात यह है कि वीडियो में हमलावर इस हमले का कारण भी बता रहा है। हमलावर का कहना है कि “हमने काबुल पर कल रात हुए हमले का बदला लिया है।”
यह आत्मघाती हमला पाकिस्तान द्वारा किए गए एक बड़े हवाई हमले के बाद हुआ है। दरअसल, पाकिस्तान के लड़ाकू विमानों ने कथित तौर पर कल रात काबुल के अंदर TTP के ठिकानों को निशाना बनाकर हवाई हमला किया था। यह हमला ऐसे समय हुआ है जब अफगानिस्तान के विदेश मंत्री भारत में द्विपक्षीय बातचीत के लिए मौजूद हैं।
Reports : Pakistan Army Refusing To Fight
— INDIAN (@hindus47) October 10, 2025
Update on #DIKhan SVBIED
Heavily armed 6-7 #TTP Personnel managed to enter police training centre.
50 Police Personnel killed. #Afghanistan #Pakistan
📌Dera Ismail Khan pic.twitter.com/f0LIeVpiaZ
शहबाज शरीफ की चेतावनी और पाक की बढ़ी चुनौती
इससे पहले, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने सार्वजनिक रूप से अफगानिस्तान की तालिबान सरकार से कहा था कि उसे पाकिस्तान और TTP में से किसी एक को चुनना होगा। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी थी कि इस्लामाबाद अफगानिस्तान की धरती से हो रहे सीमा पार हमलों को बर्दाश्त नहीं करेगा।
2021 में जबसे तालिबान अफगानिस्तान की सत्ता में वापस आया है, पाकिस्तान में TTP से जुड़ी हिंसा में तेजी आई है। जवाब में, इस्लामाबाद ने भी आतंकवादी ठिकानों पर अफगानिस्तान के अंदर सीमा पार हमले किए हैं। इस बार अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में हवाई हमला करके पाकिस्तान ने तालिबान को सबसे बड़ी चुनौती दी है।
मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि पाकिस्तान पहले ही लगभग 12 लाख अफगान शरणार्थियों को बाहर निकाल चुका है और अफगान से होने वाले व्यापार पर भी सख्त नियंत्रण लगा दिया है। ऐसे में अफगानिस्तान की सीमा में हमला करना पाकिस्तान को अब महंगा पड़ सकता है। हालांकि, अब तक यह पता नहीं चल पाया है कि पुलिस ट्रेनिंग सेंटर पर हमले की आधिकारिक जिम्मेदारी किसने ली है, लेकिन हमलावरों के वीडियो से TTP के शामिल होने का संदेह गहरा गया है।
